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आईडीबीआई और यस बैंक के शेयर्स बने निवेशकों के चहेते

इस जबरदस्त उछाल में कुछ खास ख़बरों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

आईडीबीआई बैंक और यस बैंक के शेयर धारकों के लिए आज का दिन काफी खास रहा। शुक्रवार के कारोबारी सत्र के दौरान जबर्दस्त तेजी के साथ आईडीबीआई बैंक के शेयर 10 फीसदी और यस बैंक के शेयर 5 प्रतिशत तक चढ़ गए। इस जबरदस्त उछाल में कुछ खास ख़बरों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

आईडीबीआई बैंक अपनी हिस्सेदारी आर्सिल में बेच सकती है

खबर है कि आईडीबीआई बैंक अपनी हिस्सेदारी देश की सबसे पुरानी एसेट रिकंस्ट्रक्शन कंपनी आर्सिल में बेच सकती है।वहीँ आर्सिल की 27 फीसदी हिस्सेदारी एवेन्यू कैपिटल के पास है और यह कंपनी का सबसे बड़ा निवेशक है। यदि आईडीबीआई और आर्सिल की डील को भारतीय रिजर्व बैंक की मंजूरी मिलती है, तो एवेन्यू की हिस्सेदारी आर्सिल में बढ़ जाएगी।
इकोनॉमिक टाइम्स के अनुसार मामले से जुड़े एक अधिकारी ने कहा, “एवेन्यू भारत में दबाव वाले एसेट्स से जुड़ी कंपनियों में बड़ा नाम बनने की कवायद में जुटी है। यह आर्सिल में हिस्सेदारी रखने वाले दूसरे बैंकों से भी उनकी हिस्सेदारी खरीदना चाहती है। यह डील इसी दिशा में बड़ कदम होगा।

यस बैंक में है नामचीन समूहों की दिलचस्पी

आज यस बैंक के शेयरों ने 5 फीसदी तक की उड़ान भरी है। इस तेज़ी की यस बैंक के पास भी खास वजहें है। ईटी की रिपोर्ट के मुताबिक, निजी सेक्टर के इस बैंक ने क्यूआईपी जरिए फंड जुटाने की छूट सेबी से मांगी है। यस बैंक की प्रेफरेंस शेयरों के आवंटन के जरिए $2 अरब जुटाने की योजना है।
ईटी के सवाल का जवाब देते हुए यस बैंक ने कहा, “बैंक शेयरों के आवंटन के जरिए पैसा जुटाने की कवायद में लगा हुआ है।बैंक का मानना है कि उसे पैसा जुटाने के अन्य विकल्प जैसे क्यूआईपी, राइट्स इश्यू आदि की मंजूरी भी ले लेनी चाहिए ताकि पैसा जुटाने के कई स्रोत तलाशे जा सकें। बैंक ने कनाडा के अरबपति और सिंगापुर की एसपीजीजी होल्डिंग्स समेत सभी इच्छुक बोलीकर्ताओं से बाध्य और गैर-बाध्य बोलियां मंगाई हैं।
इच्छुक निवेशकों में से एक सिटैक्स ने $50 करोड़ का निवेश करने की इच्छा जताते हुए यह रकम जल्द ही एक एस्क्रॉ खाते (थर्ड पार्टी खाता) में डालने के लिए भारतीय रिजर्व बैंक से मंजूरी मांगने के लिए कहा है। यदि सिटैक्स की बोली को मंजूरी मिल जाती है, तो इसके पास बैंक की 12 से 13 फीसदी हिस्सेदारी होगी, जबकि बाकी निवेशकों की हिस्सेदारी कम हो जाएगी। यस बैंक में जीएमआर समूह ($5 करोड़), आदित्य बिड़ला परिवार ($2.5 करोड़) और रेखा झुनझुनवाला ($2.5 करोड़) जैसे नामचीन समूहों की भी दिलचस्पी साफ़ दिखाई दे रही है।