Arthgyani
होम > न्यूज > ITR Filing Update in Hindi

2019-20 के लिए ITR फाइल करने की सोच रहे हैं तो CBDT के आदेश को न करें अन-देखा, Income Tax Department की तरफ से बड़ी राहत

CBDT ने वित्तीय वर्ष (Assessment Year) 2015-16 से लेकर 2019-20 तक के लिए IT रिटर्न फाइल करने के लिए करदाताओं को दी बड़ी राहत। अब 30 सितंबर तक आवेदन कर सकते हैं।

सेंट्रल बोर्ड ऑफ डायरेक्ट टैक्स (CBDT) ने वित्तीय वर्ष 2018-19 यानी टैक्स असेसमेंट ईयर 2019-20 के लिए ITR फाइल करने के तारिक को 2 महीने बढ़ा दी है। अब कर-दाता September 30 तक Income tax return के (Revised ITR) लिए अप्लाई कर सकते हैं।

Income Tax Department के Twitter पर यह जानकारी दी गई है। ट्वीट में कहा गया है कि Covid19 की भयावह स्थिति को देखते हुए सरकार की तरफ से सभी करदाताओं को राहत दी जा रही है। पूर्व नोटिस के अनुसार ITR भरने की Deadline 31 July तक थी जिसे अब दो महीने और बढ़ाया जा रहा है।

“Corona काल में म्‍यूचुअल फंड पर निवेश करने से पहले जान लें यह खास सबक”

म्‍यूचुअल फंड को लेकर सही जानकारी हासिल करें। इसके बाद ही उसमें निवेश करें। म्‍यूचुअल फंड की तरफ लोगों का रुझान बेहद बढ़ा है। क्‍योंकि म्‍यूचुअल फंड बाजार के जोखिमों को मैनेज करता है। इसलिए म्‍यूचुअल फंड में निवेश से पहले अपने लक्ष्‍य को तय करें और फिर उसमें निवेश करें। म्‍यूचुअल फंड में एसेट एलोकेशन के जरिए आप हाई रिश्‍क के साथ भी निवेश कर अच्‍छा पैसा कमा सकते हैं।

ITR Deadline: पहले भी दो बार बढ़ाई जा चुकी थी

आपको बता दें कि FY 2018-19 के Revised Return की आखरी तारिक को पहले भी दो बार बढ़ाया गया है। सबसे पहले रिवाइज्ड ITR फाइल हेतु 31 मार्च 2020 डेडलाइन तय हुई थी। जिसे बाद में बढ़ाकर 30 जून 2020 किया गया। उसके बाद एक महीना और यानी 30 जुलाई कर दिया गया था। अब सरकार तथा CBDT ने Corona Virus महामारी को देखते डेडलाइन को तीसरी बार बढ़ाकर 30 सितंबर कर दिया है। इससे करदाताओं को जरूर ही राहत मिलेगी।

CBDT का आदेश: अब समय पर ITR- 5 फॉर्म जमा न करने पर माना जाएगा ‘अवैध’

केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (CBDT) के आदेश में कहा गया है कि जिन्हीने ITR की ई-फाइलिंग की हैं, उनमें बड़ी संख्या में ITR अभी भी पेंडिंग पड़े हैं। इसका कारण यह है कि करदाताओं द्वारा Verification Form (सत्यापन फॉर्म) ITR-5 को बेंगलुरू स्थित ‘Centralized Processing Centre (CPC) में जमा नहीं किया गया है।

उसी आदेश में कहा गया है कि ‘अब अगर समय पर आईटीआर-5 जमा नहीं किया जाता है तो ITR filing ‘नहीं भरा हुआ’ यानी अवैध करार दिया जाएगा।’

अगर आप भी अभी तक अपने ITR से जुड़े कागजातों का Verification नहीं कर सके हैं तो घबराएं नहीं। इन्हीं शिकायतों को ध्यान में रखते हुए आयकर विभाग ने समाधान के इरादे से सीबीटीडी ने असेसमेंट ईयर 2015-16, 2016-17, 2018-19 तथा 2019-20 के लिये इलेक्ट्रॉनिक रूप से फाइल किए गए Income Tax Returns के Verification के अनुमति दी गयी है

सभी करदाताओं से अपील है कि वे अपने ITR को CBDT द्वारा जारी नियमों और आदेश के अनुसार तुरंत अपना आयकर रिटर्न फाइल करे और मौके का फायदा उठाए।